बच्चे को चित्र नहीं भगवान श्री महावीर का चरित्र सौंप देना चाहिए महावीर के चार अक्षर में :-
म - मन का संयम बना रहे।
हां - हाथ दान एवं दया से लिप्त रहना चाहिए।
वी - वीतराग बने, इंसान अच्छे कर्म करके।
र - रग - रग में प्रेम, दान, दया शील का वर्चस्व हे।
आज इंसान ने अपनी संस्कृति और संस्कार को छोड़कर पाश्चात्य संस्कृति को अपना लिया है।बच्चों के रहते माता-पिता अनाथों की जिंदगी जी रहे हैं।
जिस घर में बुजुर्गों एवं बहनों का सम्मान होता है वहां लक्ष्मी विल्लास करती है।
गर्भपात महापाप है, उसमें एक पंचइंद्रिय जीव की हत्या होती है। हमें गर्भपात नहीं करना चाहिए। ऐसे लोगों को भगवान एवं गुरु का स्पर्श नहीं करना चाहिए। उनका दान आदि भी ग्रहण नहीं करना चाहिए।
पत्नी को आई लव यू कहने के बजाय माता-पिता को आई लव यू कहना चालू करेंगे तो जीवन साकार हो जाएगा। महान हो जावेगा।
अच्छा स्वभाव, अच्छे आचरण से जीवन का मूल्य बढ़ जाता है। धन खोया कुछ नहीं खोया, स्वास्थ्य खोया कुछ खोया है, चरित्र खोया तो सब कुछ खोया समझो, जन्म जन्म तक रोना पड़ेगा।
धर्म परिवर्तन नहीं, मन परिवर्तन करना चाहिए, माता पिता का आशीर्वाद लेना चाहिए।
सौ दवा एक दुआ।
म - मन का संयम बना रहे।
हां - हाथ दान एवं दया से लिप्त रहना चाहिए।
वी - वीतराग बने, इंसान अच्छे कर्म करके।
र - रग - रग में प्रेम, दान, दया शील का वर्चस्व हे।
आज इंसान ने अपनी संस्कृति और संस्कार को छोड़कर पाश्चात्य संस्कृति को अपना लिया है।बच्चों के रहते माता-पिता अनाथों की जिंदगी जी रहे हैं।
जिस घर में बुजुर्गों एवं बहनों का सम्मान होता है वहां लक्ष्मी विल्लास करती है।
गर्भपात महापाप है, उसमें एक पंचइंद्रिय जीव की हत्या होती है। हमें गर्भपात नहीं करना चाहिए। ऐसे लोगों को भगवान एवं गुरु का स्पर्श नहीं करना चाहिए। उनका दान आदि भी ग्रहण नहीं करना चाहिए।
पत्नी को आई लव यू कहने के बजाय माता-पिता को आई लव यू कहना चालू करेंगे तो जीवन साकार हो जाएगा। महान हो जावेगा।
अच्छा स्वभाव, अच्छे आचरण से जीवन का मूल्य बढ़ जाता है। धन खोया कुछ नहीं खोया, स्वास्थ्य खोया कुछ खोया है, चरित्र खोया तो सब कुछ खोया समझो, जन्म जन्म तक रोना पड़ेगा।
धर्म परिवर्तन नहीं, मन परिवर्तन करना चाहिए, माता पिता का आशीर्वाद लेना चाहिए।
सौ दवा एक दुआ।
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